-50 से अधिक बैंक खातों से एक करोड़ से ज्यादा की रकम निकाली
-70 से अधिक साइबर शिकायतें दर्ज; आरोपियों से 10 मोबाइल, 17 सिम और किआ सोनेट कार बरामद
फिरोजाबाद। इंश्योरेंस पॉलिसी के नाम पर लोगों से साइबर ठगी करने वाले अंतरजनपदीय गिरोह का थाना दक्षिण पुलिस और साइबर सेल ने पर्दाफाश किया है। पुलिस ने गिरोह के पांच सदस्यों को गिरफ्तार किया है। आरोपित फर्जी फर्म और कूटरचित दस्तावेजों के जरिए बैंकों में खाते खुलवाकर ठगी की रकम मंगाते थे। इन खातों के माध्यम से एक करोड़ रुपये से अधिक की निकासी की जा चुकी है। पुलिस को आरोपियों से जुड़े खातों पर 70 से अधिक साइबर शिकायतें भी मिली हैं।
एसएसपी आदित्य लांग्हे के निर्देशन में चलाए जा रहे अभियान के तहत रविवार को थाना दक्षिण पुलिस और साइबर सेल की संयुक्त टीम ने सुहागनगर चौराहे के पास सीएल जैन इंटर कॉलेज की सर्विस रोड से पांचों आरोपितों को गिरफ्तार किया। पुलिस के अनुसार, उपनिरीक्षक राजकुमार गौतम टीम के साथ जैन मंदिर के पास संदिग्ध वाहनों की चेकिंग कर रहे थे। इसी दौरान मुखबिर से सूचना मिली कि साइबर ठगी करने वाले गिरोह के सदस्य काली किआ सोनेट कार में सर्विस रोड पर खड़े हैं। पुलिस ने घेराबंदी कर कार सवार पांचों लोगों को पकड़ लिया। गिरफ्तार
आरोपितों में आगरा के कमलानगर निवासी अजीत प्रताप उर्फ बंटू, हाथरस के सिकंदराराऊ क्षेत्र निवासी ऐदल सिंह तथा आगरा के राजू कुमार, सुरेश और महेंद्र कुमार शामिल हैं। तलाशी के दौरान पुलिस को कार से 10 मोबाइल फोन, 17 सिमकार्ड, 10 चेकबुक, 10 बैंक पासबुक, आठ एटीएम कार्ड, सात आधार कार्ड, पांच पैन कार्ड और एक डायरी बरामद हुई। डायरी में बैंक खातों, ईमेल आईडी, मोबाइल नंबर और लेनदेन का ब्योरा दर्ज था। पुलिस ने किआ सोनेट कार भी जब्त की है। गिरोह के सदस्य इंश्योरेंस पॉलिसी के नाम पर लोगों को झांसे में लेकर ठगी करते थे। इसके बाद ठगी की रकम फर्जी और म्यूल बैंक खातों में मंगाई जाती थी।
गिरोह के सदस्य फर्जी फर्म बनाकर विभिन्न बैंकों में करंट खाते खुलवाते थे। इसके लिए लोगों के आधार और पैन कार्ड का इस्तेमाल किया जाता था। आधार कार्ड में पता बदलवाकर अलग-अलग शहरों में खाते खुलवाए जाते थे। इन खातों से चेक और एटीएम के माध्यम से रकम निकाली जाती थी। रकम निकालने वाले सदस्य अपना कमीशन काटकर शेष धनराशि गिरोह के सरगना अजीत प्रताप उर्फ बंटू को सौंप देते थे। आरोपित राजू कुमार ने फिरोजाबाद के सुहागनगर में दुकान किराये पर लेकर श्री गणेश ट्रैवल्स एंड कार्गाे नाम से फर्म बनाई थी।
इसके नाम पर कई बैंकों में खाते खुलवाए गए थे। पुलिस के मुताबिक, ठगी की रकम से ही फर्जी पते पर किआ सोनेट कार खरीदी गई थी। पुलिस अब आरोपितों के बैंक खातों और गिरोह से जुड़ी अन्य साइबर ठगी की घटनाओं की जांच कर रही है। इस मामले में थाना दक्षिण में बीएनएस की धारा 318(4), 338, 336(3), 340(2) और 61(2) के तहत मुकदमा दर्ज कर आरोपियों के खिलाफ विधिक कार्रवाई की जा रही है।








