फिरोजाबाद: अध्यात्म और वैराग्य से युक्त होते है, उसे शादी की कोई जरूरत नहीं होती-निर्भय सागर

फिरोजाबाद। नारी दुनिया की सूत्रधार है, संस्कृति और संस्कार की जननी है, प्रेम करुणा दया की मूर्ति है, सील संयम ही नारी की संपत्ति है, व्यक्तित्व ही उसकी सुंदरता है। नारी के बिना संसार अधूरा है, नारी और पुरुष मिलकर…













